Home ब्रज SikandraRao/Hasayan सपा की सीट सिकन्दराराऊ से न निकलने का अंत तक मलाल रहा...

सपा की सीट सिकन्दराराऊ से न निकलने का अंत तक मलाल रहा नेताजी को

सिकन्दराराऊ के चुनाव में अमरसिंह यादव के लिए वोट मांगते नेताजी साथ हैं पप्पू यादव, भोला यादव आदि

सिकन्दराराऊ (ब्रजांचल न्यूज)।
समाजवादी पार्टी के मुखिया रहे नेताजी मुलायमसिह यादव का सिकन्दराराऊ क्षेत्र से विशेष लगाव रहा तथा गढिया प्रकरण में भी यहां पहुंचकर उन्होंने अपने समर्थकों को हौसला दिया। पर उन्हें अन्त तक यह मलाल रहा कि क्रीडा स्थल पर उमडने वाली भीड भी सपा प्रत्याशी को विजयश्री नही दिला सकी ।
उल्लेखनीय है कि विधानसभा क्षेत्र से समाजवादी पार्टी के रूप में सपा बसपा गठबंधन से अमर सिंह यादव पहली बार विधायक चुने गए।
उसके पश्चात जब जब चुनाव हुए सपा यह सीट नहीं निकाल सकी ।

नेताजी को साहित्यकारों से था विशेष लगाव अन्तरराष्ट्रीय गीतकार डॉ विष्णु सक्सैना के साथ एक कवि सम्मेलन में

मुलायम सिंह यादव 1993 में उत्तर प्रदेश की तीन विधानसभा सीटों से चुनाव लड़ें जसवंत नगर, शिकोहाबाद एवं निधौली कलां से चुनाव लड़ें और तीनों सीटों पर जीत दर्ज की। जैन समाज को सूबे में सबसे पहले मुलायम सिंह यादव ने अल्पसंख्यक का दर्जा दिया इसी की बजह से 17 फरवरी 2016को हाथरस स्थित दिल्ली पव्लिक स्कूल में उनका नागरिक अभिनन्दन किया गया।
उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के संरक्षक मुलायम सिंह यादव का 82 वर्ष की आयु में निधन हो गया …. उन्होंने गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में अंतिम सांस ली…. खास बात तो यह रही कि यह वही शहर और अस्पताल है…जहां 3 महीने पहले उनकी दूसरी पत्नी साधना यादव ने भी अंतिम सांस ली थी..यह जानकारी अखिलेश यादव ने सपा के ट्विटर हैंडल पर दी है…
जिसके बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत तमाम दिग्गज नेताओं ने उन्हें श्रध्दांजली अर्पित की….तो वहीं प्रदेश भर में तीन दिन का राजकीय शोक घोषित कर दिया गया…हालांकि मुलायम सिंह कई दिनों से यूरीन इन्फेक्शन और ब्लड प्रेसर जैसी बीमारियों से जूझ रहे थे… लेकिन 1 अक्टूबर को उनकी हालत नाजुक होने के कारण उन्हें आईसीयू में शिफ्ट किया गया था..
आपको बता दें कि 28 साल की उम्र में पहली बार विधायक बनने वाले मुलायम सिंह यादव 55 साल तक राजनीति में रहे…नेताजी के नाम से मशहूर मुलायम सिंह 3 बार मुख्यमंत्री 7 बार लोकसभा सांसद और 9 बार विधायक चुने गए…इतना ही नहीं वो एक बार केंद्र के रक्षामंत्री भी रहे…